गुड़िया के बाल क्या होता है, कैसे बनता है | Cottoncandy facts | Gudiya ke bal kya hai

गुड़िया के बाल क्या होता है, कैसे बनता है | Cottoncandy facts | Gudiya ke bal kya hai

गुड़िया के बाल – Cotton candy : 

बचपन में हम सबने CottonCandy या गुड़िया के बाल, हवा मिठाई कहलाने वाले और रुई के फाहे जैसे दिखने वाली टॉफी खाई होगी. यह ज्यादातर हल्के गुलाबी  रंग के होते थे और मुंह में डालते ही घुल जाते थे. शादियों में भी इनके स्टाल दिखते हैं जहाँ बच्चों के साथ ही  कुछ बड़े भी इनको खाना पसंद करते हैं. आइये जानते हैं क्या होती है यह Cotton Candy और यह बनती कैसे है ?

Cotton candy facts
फोटो स्रोत

Cotton Candy की खोज 19 शताब्दी में यूरोप में हुई. उस ज़माने में यह बड़ी महंगी चीज़ हुआ करती थी और सामान्य लोगों को इसे खरीदना बस के बाहर होता था. कारण था कि उस समय इसे बनाने में बहुत मेहनत लगती थी व इसे हाथ से चलने वाली मशीन से बनाया जाता था.

Cottoncandy की खोज किसने की ? Who invented it ?

– सारे डेंटिस्ट बच्चों को टॉफी-चाकलेट, मीठा खाने से मना करते रहते हैं पर ये भी क्या मजे की बात है कि कॉटन कैंडी का आविष्कार एक डेंटिस्ट ने किया था. सन 1897 में एक डेंटिस्ट William Morrison और John C. Wharton ने एक नयी मशीन का अविष्कार किया, जिससे कि इसे तेजी से बनाया जा सके.

Cotton candy machine design
William Morrison द्वारा बनाया Cottoncandy Machine का Original Design

– विलियम ने कॉटन कैंडी को 1904  के World’s Fair में Fairy Floss के नाम से पेश किया. William Morrison ने कॉटन कैंडी के 68,655 बॉक्स, $ 7 प्रति बॉक्स  की कीमत पर बेचकर जबर्दस्त मुनाफा भी कमाया.

– भारत ही नहीं विश्व के लगभग सभी देशों के लोग इन्हें पसंद करते हैं. Canada की Tootsie Roll दुनिया में Cotton Candy बनाने वाली सबसे बड़ी कम्पनी है जोकि अलग-अलग flavours की Cotton Candy बनाती है. देखिये एक बढ़िया वीडियो जिसमे विदेशी दुकानदार गजब की सुंदर कॉटन कैंडी बनाते हुए दिख रहे हैं.

– अगर आप Cotton Candy का बिज़नस करना चाहते हैं तो यह एक काम की लिंक है जहाँ से आप गुड़िया के बाल बनाने की मशीन, बेचने की लागत, मुनाफा आदि पहलुओं के बारे में विस्तार से जान सकते हैं. यह एक अच्छा बिज़नस है जिससे आप बढ़िया फायदा भी कमा सकते हैं.

गुड़िया के बाल क्या होता है ?

Cotton Candy शुद्ध रूप से 99 % खाने वाली चीनी होती है. बाकि 1 % खाने वाले रंग और कुछ flavors होते हैं. यह चीनी के महीन रेशे होते होते हैं. इसे बनाने के लिए एक खास तरह की मशीन की जरूरत होती है जोकि चीनी के गाढे घोल को गर्म करके तेजी से घुमाते हुए महीन रेशे बिखेरता है जिसे बनाने वाला एक स्टिक में लपेटकर सुंदर सी कैंडी बनाता जाता है. यह मशीन विज्ञान के Centrifugal force पर काम करती है.

– हाँ एक बात और ! United States of America में 7 दिसम्बर को National Cotton Candy Day मनाया जाता है.

यह भी पढ़ें :

रूह अफ़ज़ा पीने के फायदे, रूह अफज़ा ड्रिंक की खोज किसने की थी ? | Rooh afza benefits in hindi

सब्जा के बीज के फायदे, सब्जा का सेवन कैसे करें | Sabja seeds benefits

चावल से जुड़े इंटरेस्टिंग फैक्ट्स और चावल खाने के फायदे

मीठे जहर एस्पार्टेम (Aspartame) मिले कोल्डड्रिंक, हेल्थ सप्लीमेंट्स के नुक्सान

बढ़िया तरबूज खरीदने के लिए ये 4 टिप्स आजमायें

4 thoughts on “गुड़िया के बाल क्या होता है, कैसे बनता है | Cottoncandy facts | Gudiya ke bal kya hai

  1. haahahaha. Sir bachpan me gudiya ke baal ke peeche bahut bhagte the. But uss time financially itne kamzor the ki yah bhi mushkil se hi mil paata tha. Bahut achha laga padhkar. Bachpan ki yaad taza ho gayi.

Comments are closed.