विटामिन E की कमी से रोग, विटामिन E कैप्सूल कैसे खायें | Vitamin E in hindi

विटामिन E क्या है (What is Vitamin E in hindi) :

विटामिन ई एक ऐसा पोषक तत्व है, जोकि कई प्रकार से अच्छे स्वास्थ्य के लिए आवश्यक है. यह हड्डियों, ह्रदय और मांशपेशियों को स्वस्थ बनाये रखने और इन अंगों को सही तरीके से कार्य करते रहने के लिए जरुरी हैं. विटामिन ई लाल रक्त कोशिकाएं बनाने में आवश्यक है. यह शरीर में विटामिन ए, विटामिन के, आयरन, सेलेनियम का सही स्तर बनाये रखता है.

विटामिन ई का एंटीओक्सिडेंट गुण हार्ट रोग, कैंसर से बचाता है और डायबिटीज, अल्झाइमर के दुष्प्रभावों को कम करता है. यह विटामिन शरीर में कोलेस्ट्रॉल का सही स्तर बनाये रखता है. विटामिन ई रोग प्रतिरोधक तंत्र को मजबूत बनाता है, जिससे कई बड़ी बीमारियाँ पनपने नहीं पाती. विटामिन ई केवल शाकाहारी भोज्य पदार्थों में पाया जाता है.

विटामिन ई की कमी के लक्षण (Vitamin e deficiency symptoms in hindi) :

विटामिन E की कमी से निम्न लक्षण प्रकट होते हैं –

  • बार बार डायरिया होना
  • थकावट सी लगना
  • कमजोर हड्डियाँ
  • घाव जल्दी न भरना
  • मसूढ़ों से खून आना
  • गर्मियों में नाक से खून आना
  • चिकना मल होना
  • मांशपेशियों में दर्द और कमजोरी
  • चलने और शरीर संचालन में समस्या होना
  • स्किन रोग
  • बाल झड़ना आदि.

2. समय से पहले पैदा होने वाले बच्चे (Premature Baby) में अक्सर विटामिन ई की कमी से खून की कमी होने की समस्या देखी जाती है.

3. अगर आपको रात में कम दिखाई देता है तो इसका कारण विटामिन ई की कमी हो सकता है क्योंकि विटामिन ई की कमी से विटामिन ए भी कम होने लगता है. विटामिन ए नेत्र ज्योति बनाये रखता है, लेकिन Vitamin E शरीर में विटामिन ए का सही लेवल मेन्टेन करने के लिए जरुरी है.

विटामिन ई की कमी से रोग (Vitamin E deficiency diseases in hindi) :

  • हेमोलिटिक एनीमिया
  • न्यूरोलॉजिकल बीमारियाँ
  • बच्चों का सिस्टिक फ़ायब्रोसिस
  • मसल वीकनेस
  • आँखों के रेटिना सम्बन्धित रोग
  • रेटिनोपैथी
  • अल्झाइमर
  • पार्किन्सन डिजीज
  • डेमेंशिया आदि

विटामिन ई आयल और विटामिन ई कैप्सूल (Evion 400 capsules benefits in hindi) :

– 14 साल के अधिक उम्र के व्यक्ति और प्रेगनेंट महिला को प्रतिदिन 15mg विटामिन ई की आवश्यकता होती है. दूध पिलाने वाली माँ को हर दिन 19mg विटामिन E की मात्रा मिलनी चाहिए.

– विटामिन ई कैप्सूल और आयल दोनों ही बाज़ार में मिलते हैं, आप अपने उपयोग अनुसार इन्हें काम में ले सकते हैं. विटामिन ई आयल बायो आयल, नेचुरल बादाम तेल व अन्य ब्रांड्स के नाम से मिलता है. अगर ये आयल न मिले तो विटामिन ई कैप्सूल से भी तेल निकालकर प्रयोग किया जा सकता है.

– Evion 400 कैप्सूल विटामिन E का एक सस्ता और अच्छा स्रोत है, जोकि मेडिकल स्टोर्स से खरीदा जा सकता है. अगर आप कोई दवा खा रहे हों तो यह कैप्सूल खाने से पहले डॉक्टर से सलाह ले लें.

– किसी भी चीज़ की अधिकता से समस्या हो सकती है, इसलिए Vitamin E capsules लम्बे समय तक बिना डॉक्टरी परामर्श के न खाएं. सामान्यतः 1 गोली रात के खाने के बाद ली जा सकती है, इसे खाली पेट न खाएं.

विटामिन ई के फायदे ( Vitamin E benefits in hindi) :

1. यह विटामिन स्वास्थ्य तो सुधारता ही है, साथ ही इससे बालों, चेहरे और स्किन पर बहुत अच्छा असर दिखता है. Vitamin E मॉइस्चराइजर का काम करता है. यह स्किन पर बढती उम्र के असर को कम करता है, सनबर्न ठीक करता है.

2. चेहरे के दाग, धब्बों को हल्का करता है. प्रेगनेंसी के स्ट्रेच मार्क्स मिटाता है, फटी एड़ियाँ ठीक करता है. बालों के लिए विटामिन ई बहुत फायदेमंद है.

3. यह बालों की लम्बाई बढ़ाता है, बाल चिकने और मुलायम होते हैं. बालों का सफ़ेद होना और दोमुंहे बालों की समस्या दूर होती है. बाल झड़ने की समस्या (Hair fall) में विटामिन E कैप्सूल का सेवन और विटामिन E आयल सर की त्वचा (Scalp) में लगाना फायदेमंद होता है.

विटामिन ई के स्रोत (Vitamin E foods in hindi) :

vitamin e sources in hindi

1. Vitamin E पूर्णतः पेड़-पौधों, शाकाहारी स्रोत से मिल जाते हैं. पत्तेदार सब्जियां जैसे पालक, ब्रोकोली, लाल या हरे शिमला मिर्च, एस्पेरेगस या शतावर आदि.

2. सूर्यमुखी के बीज, सूखे मेवे जैसे बादाम, अखरोट, हेज़लनट, काजू, मूंगफली, पीनट बटर (Peanut butter), खड़े अनाज, गेंहू के अंकुर, ऑरेगैनो (Oregano).

3. वनस्पतियों से मिलने वाले तेल ओलिव आयल (Olive oil), पाम आयल, केनोला आयल (Canola oil) आदि.

4. आम, एवोकाडो, पपीता, खुबानी, शकरकंद, टमाटर, कीवी फ्रूट, फ्रूट जूस

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