ग्रीन कॉफी क्या है | ग्रीन कॉफी पीने के 5 फायदे | ग्रीन कॉफ़ी कैसे बनाये

ग्रीन कॉफी क्या है – Green Coffee in hindi :

ग्रीन कॉफी कोई अलग तरह की कॉफ़ी नहीं होती. इसे बनाने में Coffee के सामान्य बीजों का ही प्रयोग किया जाता है. कॉफ़ी के बीजों को अगर भूना नहीं जाये तो वो बीज हरे रंग के ही होते हैं. इन्हीं बीजों से Green coffee तैयार की जाती है.

Coffee के बीजों में क्लोरोजेनिक एसिड होता है, जोकि कॉफ़ी के बीज भूने जाने से खत्म हो जाता है. वैज्ञानिक मानते है कि Green Coffee में यह तत्व मौजूद रहता है और यह Health के लिए बहुत अच्छा होता है.

Green Coffee benefits in hindi

Green Coffee in hindi

ग्रीन कॉफी के फायदे Green coffee ke fayde :

– ग्रीन कॉफी पीने से भूख कम लगती है. ग्रीन कॉफ़ी लीवर साफ़ करती है, गैर जरुरी कोलेस्ट्रॉल और Sugar level को कम करती है.

– आजकल लोग Green Coffee का सबसे ज्यादा उपयोग वजन कम करने (Weight Loss) के लिए कर रहे हैं. माना जाता है कि ग्रीन कॉफी पीने से मोटापा कम होता है.

– एंटी ओक्सिडेंट गुणों से भरपूर ग्रीन कॉफ़ी उपापचय (Metabolism) की प्रक्रिया तेज करती है. मेडिकल साइंस कहता है कि अगर आदमी की उपापचय की प्रक्रिया तेज रहे तो पाचन सही से होता है और शरीर में फालतू Fat नहीं जमता है.

इसलिए ग्रीन कॉफ़ी पीने से वजन नहीं बढ़ता और साथ ही जमा हुआ फैट भी घटना शुरू होता है. मेटाबोलिज्म तेज रहने से एनर्जी लेवल भी लगातार बना रहता है.

– जैसे कि Green Tea का स्वाद दूध वाली चाय जैसा नहीं होता, वैसे ही Green Coffee का टेस्ट भी सामान्य कॉफ़ी जैसा नहीं होता है. ग्रीन काफी का स्वाद एकदम लाइट होता है. इस कॉफ़ी में कैफीन की मात्रा भी सामान्य कॉफ़ी से कम होती है.

– ग्रीन कॉफ़ी बढ़ती उम्र के असर कम करने (Anti-ageing), हाई ब्लड प्रेशर, अल्झाईमर, डायबिटीज कम करने और शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immunity) बढ़ाने में असर करती है.

– थाइरोइड के मरीज ग्रीन कॉफ़ी पी सकते हैं. ग्रीन काफी Thyroid gland के काम पर कोई असर नहीं डालती. वैसे तो ग्रीन काफी में कैफीन की मात्र कम होती है, फिर भी ग्रीन कॉफ़ी ज्यादा नहीं पीना चाहिए.

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ग्रीन कॉफी कब पीयें – Green coffee peene ka tarika : 

एक कप ग्रीन कॉफी खाना खाने के बाद पियें क्योंकि खाने के बाद Blood sugar level तेजी से बढ़ता है. ग्रीन कॉफ़ी इस बढे हुए शुगर को कण्ट्रोल करके Fat के रूप में जमने से रोकता है.

– एक दिन में 3 कप ग्रीन कॉफ़ी से ज्यादा न पियें.

ग्रीन काफी कैसे बनाये – Green coffee banane ka tarika :

ग्रीन कॉफी बनाने का तरीका बहुत आसान है. ग्रीन टी के जैसे ही ग्रीन कॉफ़ी भी बनाई जाती है.

1. गर्म पानी में एक चम्मच Green Coffee का powder मिलाएं. बस ग्रीन कॉफी तैयार है. यही सबसे बेस्ट तरीका है. चाहें तो थोड़ी अदरक और दालचीनी पाउडर मिला लें, स्वाद और महक बढ़ जायेगा.

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2. इस कॉफ़ी में चीनी बिलकुल न मिलाएं क्योंकि चीनी शुद्ध कैलोरी होती है, इसका कोई फायदा नहीं होता. स्वाद के लिए चाहें तो बिलकुल जरा सा शहद और दालचीनी पाउडर मिला सकते हैं. शहद और दालचीनी पाउडर सेवन वजन घटाने का प्रसिद्ध फार्मूला है.

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ज्यादा ग्रीन कॉफी पीने के नुकसान – Green coffee side effect in hindi :

– हर चीज़ का फायदा और नुकसान होता है और किसी चीज़ की अति अच्छी नहीं होती. इसलिए इस बात का ध्यान दें कि बहुत ज्यादा ग्रीन कॉफी न पीयें. अधिक पीने से बेचैनी, घबराहट, पेट खराब होना जैसी समस्या हो सकती है.

वजन घटाने के लिए लोग अक्सर किसी चमत्कारी चीज़ की कल्पना करते हैं, जबकि Weight Loss करने के लिए सही Diet plan और Exercise सबसे जरुरी चीज़ है. इन दो मुख्य नियमों के पालन के साथ Green Coffee या कोई दूसरी चीज लेने से ही तेजी से वजन घटाना आसान होता है.

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