विराट कोहली को यह किताब देती है मोटिवेशन आप भी जान लीजिये

Virat kohli autobiography of a yogi

आज विराट कोहली ने अपने ट्विटर और इन्स्टाग्राम अकाउंट पर अपनी एक फोटो शेयर की है, जिसमे उनके हाथ में एक किताब है. यह किताब है ऑटोबायोग्राफी ऑफ़ अ योगी ( हिंदी में योगी कथामृत ). यह किताब स्वामी श्री परमहंस योगानन्द  द्वारा लिखित किताब है जोकि पहली बार सन 1946 में प्रकाशित हुई थी. … Read more

असुर : पराजितों की गाथा, रावण व उसकी प्रजा की कहानी, 5 कारण कि क्यों पढ़ें | History of Ravana in hindi

History of Ravana in hindi

रावण और असुरों का इतिहास इस नेशनल बेस्टसेलर किताब का मुख्य पात्र है. जिस प्रकार राम को केंद्र में रखकर रामायण लिखी गयी, वैसे ही रावण को केंद्र में रखकर रावणायन लिखी जाये तो वो इस किताब जैसी होगी. इस किताब के लेखक हैं आनंद नीलकंठन. इस किताब में क्या खास है और आपको यह किताब क्यों … Read more

सुपर कमांडो ध्रुव और उसे रचने वाले कलाकार, लेखक अनुपम सिन्हा के बारे में जानिए

Anupam Sinha Raj Comics Dhruva

सुपर कमांडो ध्रुव कॉमिक्स :

पूरे विश्व में संभवतः सबसे लोकप्रिय भारतीय कॉमिक्स किरदार है सुपर कमांडो ध्रुव. अगर आप 80-90 के दशक में पैदा हुए हैं तो आपको याद होगा कि कॉमिक्स के प्रति बच्चों-किशोरों में क्या हद की दीवानगी हुआ करती थी. सुपर कमांडो ध्रुव हममें से ज्यादातर का पसंदीदा हीरो था. इस लेख में जानिए सुपर कमांडो ध्रुव के रचनाकार अनुपम सिन्हा और उनकी रोचक जीवन यात्रा के बारे में.

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वह शक्ति हमें दो दयानिधे, कर्तव्य मार्ग पर डट जावें कविता के लेखक कौन हैं ?

वह शक्ति हमें दो दयानिधे, कर्तव्य मार्ग पर डट जावें murarilal sharma baalbandhu

लगभग सभी उत्तर-भारतीय सरकारी स्कूलों में सुबह सुर-बेसुर प्रार्थना गाते हुए बच्चों में जो एक समानता पायी जाती है, वो है यह प्रार्थना ‘वह शक्ति हमें दो दयानिधे, कर्तव्य मार्ग पर डट जावें’. मुझे आज भी यह प्रार्थना याद है, संभवतः आपको भी हो. इसके अतिरिक्त हमारे कोर्स में जो सरकारी किताबें पढाई जाती थीं, … Read more

क्रांतिकारी की कथा : हरिशंकर परसाई का बेहतरीन हास्य व्यंग

harishankar parsai story in hindi

हरिशंकर परसाई जी का हास्य व्यंग क्रांतिकारी की कथा : पिछले कुछ दिन से भारत में काफी क्रन्तिकारी पैदा हुए जा रहे हैं, जिनमे से ज्यादातर को न तो क्रांतिकारिता का अर्थ पता है, न ही कोई लक्ष्य है. इन क्रांतिकारियों के सपोर्टर लडके-लडकियाँ भी भेड़चाल में चल पड़े हैं, क्योंकि क्रांति या Revolution शब्द … Read more

चूहा और मैं : हरिशंकर परसाई जी का हास्य व्यंग | Chooha aur Mai

Chooha Aur Mai Vyang

चाहता तो लेख का शीर्षक ‘मैं और चूहा’ रख सकता था। पर मेरा अहंकार इस चूहे ने नीचे कर दिया। जो मैं नहीं कर सकता, वह मेरे घर का यह चूहा कर लेता है। जो इस देश का सामान्‍य आदमी नहीं कर पाता, वह इस चूहे ने मेरे साथ करके बता दिया। इस घर में … Read more