अलसी के बीज के 20 फायदे, अलसी कैसे खायें | Alsi ke Fayde, Flax seeds in hindi

अलसी के फायदे – Alsi ke fayde in hindi :

1. अलसी के बीज में आयरन, जिंक, पोटैशियम, फोस्फोरस, Calcium, Vitamin C, Vitamin E, कैरोटीन तत्व पाए जाते हैं.

2. अलसी के बीज Omega 3 fatty acids का बहुत अच्छा स्रोत माने जाते हैं. Omega 3 fatty acids Capsules का यह अच्छा विकल्प भी है. डाईटिशियन और डाक्टर भी आजकल इसे खाने की सलाह देते है.

3. अलसी के आयुर्वेदिक फायदे : आयुर्वेद में अलसी को मंदगंधयुक्त, मधुर, बलकारक, किंचित कफवात-कारक, पित्तनाशक, स्निग्ध, पचने में भारी, गरम, पौष्टिक, कामोद्दीपक, पीठ के दर्द ओर सूजन को मिटानेवाली कहा गया है.

4. इसके बीजों को गरम पानी में उबालकर या इसके साथ एक तिहाई भाग मुलेठी का चूर्ण मिलाकर काढ़ा बनाकर पीने से खूनी दस्त और और मूत्र संबंधी रोगों में लाभ होता है.

5. ओमेगा-3 फ़ैटी एसिड हमारे शरीर को स्वस्थ रखने में सहायक होते हैं. ये सबसे अधिक मात्रा में समुद्री मछलियों से प्राप्त होता है लेकिन Vegetarian पर्याप्त मात्रा में अलसी का सेवन करके इसके लाभ प्राप्त कर सकते हैं. माना जाता है कि अलसी हमारे दिल को स्वस्थ रखती है.

6. अलसी के बीज और इसके तेल (जिसे flaxseed oil या linseed oil भी कहते हैं) में Alpha-linolenic Acid (ALA) नामक तत्व होता है जो एक प्रकार का ओमेगा-3 फ़ैटी एसिड (omega-3 fatty acid) है और इसमें चिकित्सकीय गुण होते हैं.

alsi seeds benefits in hindi

फोटो स्रोत

7. Alsi बीज का सेवन त्वचा को स्वस्थ और स्निग्ध बनाता है, नाखून को मजबूत और चिकना बनाता है, नेत्र-दृष्टि बरक़रार रखता है, बालों को टूटने से रोकता है और डैंड्रफ भी दूर करता है. यह त्वचा की बीमारियों Eczema, Psoriasis के उपचार में भी कारगर माना गया है.

8. अलसी के बीज लिग्नांस का बहुत अच्छा स्रोत है, जोकि एस्ट्रोजन और Anti-Oxidant गुणों से भरपूर है. इसी वजह से यह औरतों के हार्मोनल बैलेंस के लिए बहुत सहायक होता है.

9. इन्हें खाली खाएं, हल्का भून कर खाएं अथवा सलाद या दही में मिलाकर खाएं, चाहे तो जूस में मिलाकर पियें. यह जूस के स्वाद को बिना बदले उसकी पोषकता कई गुना बढ़ा देगा.

10. अलसी के बीज (Flax seedsब्लड प्रेशर नियंत्रित करने, हाइपरटेंशन के रोगियों के लिए, ब्लड शुगर कंट्रोल में अत्यंत लाभदायक है.

11. यह बीज विटामिन बी काम्प्लेक्स, मैगनिशियम, मैगनीस तत्वों से भरपूर है जोकि कोलेस्ट्रोल को कम करते है.

12. अलसी में Poly Unsaturated fatty acids होता है जो कि विशेष रूप से ब्रेस्ट, प्रोस्टेट और कोलन कैंसर से बचाव करता है.

13. इन बीजों में पाए जाने वाला अल्फा-लिनोलेनिक एसिड जोड़ो की बीमारी आर्थराइटिस के लिए और सभी तरह के जॉइंट पेन में बहुत राहत दिलाता है.

14. गर्भवती स्त्रियों और स्तनपान कराने वाली माताओं को अलसी का सेवन अवश्य करना चाहिए. आज भी शहरो और कस्बों के कई परिवारों में ऐसी स्त्रियों को अलसी के बने लड्डू और अन्य भोज्य पदार्थ दिए जाते हैं. यह इस बात का प्रमाण है कि हमारे पूर्वज अलसी का महत्व अच्छी तरह जानते थे पर हम इन्हें भुलाकर सिर्फ दवाइयां खाने में विश्वास करने लगे.

15. अलसी के बीज का उपयोग खान-पान में मेसोपोटामिया सभ्यता काल से हो रहा है. भारत में भी यह आयुर्वेदिक उपचारों, भोज्य पदार्थ बनाने में प्रयुक्त होता रहा है. विज्ञान की नई खोजों से पता चला है कि अलसी कई प्रकार के रोगों और सामान्य स्वास्थ्य के लिए बहुत लाभकारी है. दुनिया के अनेक देशों में अलसी या Flaxseed लोकप्रिय और स्वास्थ्यप्रद आहार के रूप मे जाना जाता है. 

16. यह बीज फाइबर से भरपूर होते हैं अतः यह वजन घटाने में भी बहुत कारगर है.

17. महिलाओं में रजोनिवृत्ति के दौरान होने वाली समस्याओं में भी अलसी के उपयोग से राहत मिलती है. यह देखा गया है कि माइल्ड मेनोपॉज़ की समस्या में रोजाना लगभग 40 ग्राम पिसी हुई अलसी खाने से वही लाभ प्राप्त होते हैं जो हार्मोन थैरेपी से मिलते हैं.

18. अलसी किडनी संबंधित समस्याओं में भी लाभकारी है. डायबिटीज़, कैंसर, ल्यूपस, और आर्थ्राइटिस आदि रोगों में भी इसके प्रभावों पर रिसर्च की जा रही है.

19. अलसी के बीज एंटी बैकटिरियल, एंटी फंगल और एंटी वायरल होते है. इनका उपयोग शरीर की रोगप्रतिरोधक-क्षमता बढाता है.

अलसी कैसे खायें – How to eat Flaxseeds in hindi :

अलसी खाने का तरीका. अलसी के साबुत बीज कई बार हमारे शरीर से पचे बिना निकल जाते हैं इसलिए इन्हें पीसकर ही इस्तेमाल करना चाहिए. 20 ग्राम (1 टेबलस्पून) अलसी पाउडर को सुबह खाली पेट हल्के गर्म पानी के साथ लेने से शुरुआत करें. आप इसे फल या सब्जियों के ताजे जूस में मिला सकते हैं या अपने भोजन में ऊपर से बुरक कर भी खा सकते हैं.

दिन भर में 2 टेबलस्पून (40 ग्राम) से ज्यादा अलसी का सेवन न करें.

– साबुत अलसी लंबे समय तक खराब नहीं होती लेकिन इसका पाउडर हवा में मौजूद ऑक्सीजन के प्रभाव में खराब हो जाता है, इसलिए ज़रूरत के मुताबिक अलसी को ताज़ा पीसकर ही इस्तेमाल करें. इसे अधिक मात्रा में पीसकर न रखें. बहुत ज्यादा सेंकने या फ्राई करने से अलसी के औषधीय गुण नष्ट हो सकते हैं और इसका स्वाद बिगड़ सकता है.

– अलसी खाने से कुछ लोगों को शुरुआत में कब्ज हो सकती है. ऐसा होने पर पानी ज्यादा पिएं. अलसी खून को पतला करती है इसलिए यदि आपको Blood Pressure की समस्या हो तो इसके सेवन से पहले डॉक्टर से परामर्श कर लें.

– अलसी के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर पड़नेवाले प्रभावों पर हालांकि कोई बड़ी रिसर्च नहीं हुई है, लेकिन पारंपरिक ज्ञान में Alsi ke fayde बहुत माना गया है. इसके उपयोग से कोलेस्ट्रॉल के लेवल में कमी आना देखा गया है.

ऑनलाइन अलसी के बीज खरीदने के लिए ये लिंक देखें : Flax Seeds

डिस्कलेमरः खानपान या किसी भी आयुर्वेदिक क्रिया या औषधि को अपनाने से पहले स्वविवेक से काम लें और जानकार चिकित्सक से भी सलाह लें. इस वेबसाइट के सारे लेखों का उद्देश्य केवल शैक्षिक है.

– लेख अच्छा लगा तो Share और Forward अवश्य करें, जिससे अन्य लोग भी ये जानकारी पढ़ सकें –

यह भी पढ़ें :

सेहत के लिए गुणकारी दही के 25 फायदे और उपयोग

सब्जा के बीज के फायदे, सब्जा का सेवन कैसे करें | Sabja seeds benefits

देसी घी खाने के 6 फायदे, देसी घी वजन बढ़ाता नहीं कम करता है

याददाश्त बढ़ाने, दिमाग तेज करने वाली 3 वनस्पतियों का सेवन करें

विटामिन डी की कमी से होने वाले रोग और लक्षण : कही आप भी तो इसके शिकार नहीं ?

One Response

  1. suresh kumar